अगर लोकतंत्र में आवाज उठाना देशद्रोह है तो मैं हूँ देशद्रोही

भोपाल

एक अंडर ट्रायल का एनकाउंटर हो रहा है और संघियों को जमानत मील रही  है ?

एक अंडर ट्रायल को शहीद कहकर तिरंगे में लपेटा जाता है दूसरे को आतंकवादी कहकर गोली मार दी जाती है।

धर्मो का अंतर देख लो!!!

जहा असीमानंद और प्रज्ञा को आरोपी कहा जाता है
और मुस्लिम हो तो आतंकी।

जबकि वो दोनों भी अंडर ट्रायल है ।

अगर लोकतंत्र में आवाज उठाना देशद्रोह है तो मैं हूँ देशद्रोही ॥

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